पहली बार हिस्सा लेने वाले युवाओं ने अनुभवी खिलाड़ियों को दी चुनौती, 68 वर्षीय महेश्वर को भी मिला विशेष सम्मान
शिमला टाइम
हिमालय की पहाड़ियों में आयोजित रोड टू हिमालय–शिमला चैप्टर में युवा साइकिलिस्टों ने अपनी प्रतिभा, साहस और खेल भावना का शानदार प्रदर्शन किया। हिमालयन एडवेंचर स्पोर्ट्स एंड टूरिज्म प्रमोशन एसोसिएशन (हास्टपा) की ओर से आयोजित इस प्रतियोगिता में पहली बार हिस्सा लेने वाले युवाओं के साथ राष्ट्रीय स्तर पर पदक जीत चुके साइकिलिस्टों ने भी दमखम दिखाया। प्रतियोगिता के विजेताओं को 23 से 25 अक्तूबर तक होने वाली 13वीं एमटीबी शिमला 2026 में निःशुल्क प्रवेश दिया जाएगा, जहां उन्हें देशभर के शीर्ष साइकिलिस्टों के साथ मुकाबला करने का अवसर मिलेगा।
माउंटेन बाइकिंग की जन्मस्थली के रूप में पहचान रखने वाले शिमला में आयोजित इस प्रतियोगिता में वंश, अधिरथ और अय्यम सहित कई प्रतिभाशाली साइकिलिस्टों ने भाग लिया। प्रतियोगिता का उद्देश्य युवाओं को माउंटेन बाइकिंग से जोड़ना और भविष्य के राष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ियों को तैयार करने के लिए मंच प्रदान करना है।
ओपन पुरुष वर्ग में वंश प्रथम
प्रतियोगिता के ओपन पुरुष वर्ग में वंश ने 48 मिनट में दूरी तय कर पहला स्थान हासिल किया। अधिरथ 49 मिनट के समय के साथ दूसरे और दिव्यांश 50 मिनट 35 सेकंड के समय के साथ तीसरे स्थान पर रहे। अंडर-16 बालक वर्ग में सात्विक ने 49 मिनट 50 सेकंड में रेस पूरी कर पहला स्थान प्राप्त किया। अय्यम 54 मिनट 5 सेकंड के साथ दूसरे और प्रणव 55 मिनट 30 सेकंड के साथ तीसरे स्थान पर रहे।
प्रतियोगिता में हिस्सा लेने वाले सबसे वरिष्ठ साइकिलिस्ट 68 वर्षीय महेश्वर को उनकी खेल भावना और उत्साह के लिए विशेष सम्मान देते हुए एमटीबी शिमला 2026 में निःशुल्क प्रवेश प्रदान किया गया।
130 किलोमीटर के हिमालयी मार्ग पर होगी अगली चुनौती
हास्टपा के मुख्य आयोजक गौरव नेगी ने कहा कि प्रतियोगिता की सबसे बड़ी उपलब्धि युवाओं में बढ़ता आत्मविश्वास है। शिमला ने देश को कई बेहतरीन साइकिलिंग चैंपियन दिए हैं और संस्था का लक्ष्य नई पीढ़ी को इस खेल में आगे बढ़ने के अवसर प्रदान करना है। उन्होंने कहा कि रोड टू हिमालय युवाओं के लिए राष्ट्रीय स्तर तक पहुंचने की पहली सीढ़ी है।
उन्होंने बताया कि हास्टपा पिछले 21 वर्षों से भारत में माउंटेन बाइकिंग को बढ़ावा देने, नई प्रतिभाओं को तराशने और हिमाचल प्रदेश को साइकिलिंग एवं साहसिक पर्यटन के प्रमुख केंद्र के रूप में विकसित करने के लिए कार्य कर रही है।
अब 13वीं एमटीबी शिमला 2026 में देश के 20 राज्यों से लगभग 100 साइकिलिस्ट हिस्सा लेंगे। प्रतियोगिता में 130 किलोमीटर के चुनौतीपूर्ण हिमालयी मार्ग पर साइकिलिस्टों के बीच मुकाबला होगा। इसमें आठ लाख रुपये की पुरस्कार राशि और अन्य पुरस्कार दांव पर होंगे। रोड टू हिमालय के जरिए उभरते खिलाड़ियों को अपनी प्रतिभा साबित करने का अवसर मिला है, वहीं शिमला की साइकिलिंग विरासत को आगे बढ़ाने की दिशा में भी एक महत्वपूर्ण पहल हुई है।











